बेचैन नही मन मस्त हूँ
इश्क़ मुहब्बत से अनभिज्ञ हूँ,
प्यार नही पर खुश हूँ...!
आजाद हूँ मैं हर बंधन से,
बेचैन नही मन मस्त हूँ...!!
खुद को मैं खुद में ढूंढू,
औरों की ना मैं बात करू!!
इश्क़ मुहब्बत फर्जी है,
खुद से ही मैं प्यार करू!!
हर ख़ुशी है ...अपनो वाली,
हर चेहरे पर मुस्कान हमारी!
सबको ख़ुश हम करते है...,
बेचैन नही हम मन मस्त रहते है !!
MR.RED
Ravi Goyal
12-Jun-2021 01:05 PM
Bahut khoob
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Vfyjgxbvxfg
12-Jun-2021 01:04 PM
बेहद खूबसूरत रचना👌
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Mr.RED(मनोरंजन)
12-Jun-2021 01:13 PM
🙏🙏🙏
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